ब्यूरो,
महिला की हत्या के मामले में पति को उम्रकैद की सजा
औरेया में महिला की हत्या के मामले में अदालत ने शुक्रवार को उसके पति को उम्रकैद की सजा सुनाई। एडीजीसी अरविंद राजपूत ने बताया कि कखावतू स्थित कांशीराम कॉलोनी निवासी संतोष बाबू ने 10 मार्च 2023 को सदर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि उनकी पुत्री सरिता का विवाह 20 अप्रैल 2012 को आगरा जिले के फतेहाबाद थाना क्षेत्र के टिरावली गांव निवासी सरमन सिंह से हुआ था। नौ मार्च की रात पति-पत्नी के बीच विवाद हुआ। आरोप है कि सरमन ने पहले सरिता के साथ मारपीट की, फिर उसका सिर कई बार दीवार से पटकने के बाद गला दबाकर हत्या कर दी।
अदालत ने सरिता के 10 वर्षीय बेटे आयुष को प्रत्यक्षदर्शी गवाह के रूप में पेश करने की अनुमति दी। आयुष ने अदालत को बताया कि पिता ने मां का सिर कई बार दीवार से पटका, जिससे उनकी मौत हो गई। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश कैलाश कुमार ने सरमन सिंह को पत्नी की हत्या का दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। सरिता देवी हत्याकांड में सुनाया गया फैसला केवल सजा का आदेश नहीं, बल्कि तीन साल तक चली न्यायिक पड़ताल का नतीजा है। मासूम बेटे ने पुलिस को पिता की हैवानियत की बात बताई थी। 43 पन्नों के फैसले में अदालत ने एक-एक साक्ष्य, गवाह और मेडिकल रिपोर्ट का विस्तार से विश्लेषण किया।