Alok Verma, Jaunpur Bueauro,

2027 के विधान सभा चुनाव में कांग्रेस से ‘सदर सीट’ पर चुनावी पारी खेल सकते हैं सुरेंद्र वीर विक्रम बहादुर सिंह उर्फ
‘बाबा भैया ‘
पिता की राजनीतिक विरासत संभालने व लंबे समय के बाद काँग्रेस को सदर सीट पुनर्जीवित कर जीत हासिल करने का रहेगा दबाव
राहुल गांधी व प्रियंका के चहेते चेहरों में बाबा भैया हैं नंबर 1
लखनऊ और दिल्ली के कांग्रेसी गलियारे में ठीहा गाड़े मेरे करीबी बताते हैं कि, जौनपुर विधानसभा सीट के लिए राहुल गांधी तीन नेताओं के नामों पर मंथन कर रहे हैं। बाजी किसके हाथ लगेगी यह तो समय बताएगा लेकिन, इन तीनों में एक नाम सुरेंद्र वीर विक्रम बहादुर सिंह का है। दूसरा दिग्गज राजपूत नेता अरुण कुमार मुन्ना पुत्र अभिषेक सिंह “आशु” का और तीसरा नाम है विनीत सिंह महात्मा का……..
कौन हैं सुरेंद्र वीर विक्रम सिंह…
जौनपुर विधानसभा क्षेत्र के शिवापार गांव निवासी सुरेंद्र वीर विक्रम बहादुर सिंह एक बड़े व्यवसायी हैं । पूर्व विधायक रारी जौनपुर स्मृतिशेष तेज़ बहादुर सिंह के पुत्र हैं , लखनऊ से लेकर नोयडा और दिल्ली से लेकर महाराष्ट्र तक उनका कारोबार फैला हुआ है ।
मज़बूत आर्थिक,सामाजिक व राजनीतिक रसूख रखने वाले ‘बाबा भइया’ जौनपुर की सियासत में सर्व समाज को साथ लेकर चलने क्षमता रखते हैं।
‘ बाबा भइया ‘ तमाम सियासी , सामाजिक और सहित्यिक कार्यक्रमो का आयोजन कर अपनी सामाजिक और राजनैतिक समझ का का बेहतर परिचय दिया है।
उच्च शिक्षा प्राप्त श्री सिंह कई ऐसी समाजिक संस्थाओं से जुड़े हैं,जो अनाथों , बुजुर्गों और गरीबों की मदद करती है। बाबा भइया जौनपुर की सियासत का एक जाना पहचाना नाम बन चुके हैं। ज़िले की ठाकुर लाबी के साथ ही सर्व समाज का समर्थन भी हासिल करने का माद्दा रखते हैं। बाबा भईया मैदान में आये तो लड़ाई रोचक बना सकते हैं। लोगों के जेहन में आज भी रारी के तेजतर्रार पूर्व विधायक तेज बहादुर सिंह’ की कार्यशैली, सामाजिक सेवा उम्मीद व भरोसे अश्क बाबा भैया ‘ में दिखता है ।