ब्यूरो,

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वाराणसी को दो सौगातें दी हैं। पहली सौगात है गंगा विलास क्रूज और दूसरी 5 स्टार टेंट सिटी। प्रधानमंत्री मोदी ने इनका वर्चुअली उद्घाटन किया। गंगा विलास क्रूज दुनिया की सबसे लंबी रिवर क्रूज यात्रा पर रवाना हो गया। इस दौरान ये 3200 किलोमीटर का सफर करेगा। ये वाराणसी से असम के डिब्रूगढ़ तक जाएगा।
गंगा हमारे लिए सिर्फ एक जलधारा नहीं है। यह भारत की तपस्या की साक्षी है। इससे बड़ा दुर्भाग्य क्या हो सकता है कि गंगा किनारे विकास के बजाय वह पिछड़ते चले गए। इसी वजह से गंगा किनारे के लाखों लोगों का पलायन हुआ। इसीलिए हमने नमामि गंगे शुरू की।

गंगा विलास क्रूज जहां से गुजरेगा वहां विकास की नई लाइन तैयार करेगा। शहरों के बीच लंबी रिवर क्रूज यात्रा के अलावा हम छोटे क्रूज को भी बढ़ावा देंगे। इसके लिए सुविधाएं विकसित की जा रही है। नदी जल मार्ग अब भारत का नया सामर्थ्य बनेगा। गंगा पर बन रहा राष्ट्रीय जलमार्ग पूरे देश के लिए एक मॉडल की तरह विकसित हो रहा है। ये राष्ट्रीय जलमार्ग ट्रांसपोर्ट, ट्रेड और टूरिज्म के लिए एक महत्वपूर्ण माध्यम बन रहा है।

गंगा मां की गोद में नई टेंट सिटी काशी आने वाले पर्यटकों और श्रद्धालुओं को एक नया अनुभव देगी। राग से लेकर स्वाद तक बनारस का हर रंग टेंट सिटी में देखने को मिलेगा। 2014 के बाद देश में जो नीतियां बनीं और जो निर्णय लिए गए, उसका परिणाम आज का कार्यक्रम है। इस दशक में भारत के लोग आधुनिक इंफ्रॉस्ट्रक्चर देखेंगे, यह सब पहले कभी मुश्किल हुआ करता था।
2014 से पहले देश में वॉटर-वे के थोड़ा-बहुत ही उपयोग था। यह हाल तब था जबकि भारत में वॉटर-वे का पुरातन इतिहास था। 2014 के बाद हमने देश की बड़ी नदियों में जलमार्ग के विकास के लिए कानून बनाए। 2014 में 5 राष्ट्रीय जलमार्ग देश में थे। आज 24 राज्यों में 111 जलमार्गों को विकसित करने पर काम हो रहा है।”
अर्थ गंगा के माध्यम से गंगा किनारे के राज्यों में आर्थिक गतिविधियां बढ़ाने का काम शुरू किया। गंगा विलास रिवर क्रूज उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, असम और बांग्लादेश की यात्रा के माध्यम से एक नए आयाम रचेगा।