आलोक वर्मा, जौनपुर ब्यूरो,
डीएम ने दिया दखल तो रिजल्ट 95 से घटकर 40 प्रतिशत हो गया
जौनपुर: उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (ITI) की परीक्षाओं में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन द्वारा की गई कड़ी निगरानी का व्यापक प्रभाव देखने को मिला है। जिलाधिकारी सैम्यूल पाल एन के कड़े रुख और प्रशासनिक निर्देशों के फलस्वरूप हाल ही में जारी आईटीआई परीक्षा परिणामों में बड़ा फेरबदल दर्ज किया गया है।
प्राप्त विभागीय विवरणों एवं प्राथमिक आंकड़ों के अनुसार:
परिणामों में 55% का बड़ा अंतर: 20 जुलाई से पूर्व आयोजित परीक्षाओं में उत्तीर्ण अभ्यर्थियों का प्रतिशत लगभग 95% दर्ज किया गया था। वहीं, 20 जुलाई के पश्चात जिलाधिकारी के कड़े निर्देशों और सख्त निगरानी के बीच संपन्न हुई परीक्षाओं का पास प्रतिशत घटकर लगभग 40% पर आ गया।
धांधली और अनुचित साधनों पर लगाम: दो अलग-अलग तिथियों के परिणामों में आया यह लगभग 55% का भारी अंतर यह स्पष्ट करता है कि परीक्षाओं के दौरान बरती जा रही अनियमितताओं और अनुचित साधनों के प्रयोग पर प्रशासन की कार्रवाई से प्रभावी अंकुश लगा है।
पारदर्शी और निष्पक्ष मूल्यांकन: प्रशासनिक सतर्कता के कारण वर्षों से चले आ रहे अनुचित सिंडिकेट पर विराम लगा है, जिससे वास्तविक, योग्य और मेधावी अभ्यर्थियों का पारदर्शी मूल्यांकन संभव हो सका है।
जिला प्रशासन परीक्षा प्रणाली की अखंडता और शुचिता बनाए रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। भविष्य में भी सभी शैक्षणिक व व्यावसायिक परीक्षाओं में पूर्ण पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित की जाएगी।
(यह विज्ञप्ति प्राथमिक विभागीय सूचनाओं एवं जनहित में जारी विवरणों पर आधारित है। संबंधित पक्ष/विभाग अपना आधिकारिक वक्तव्य प्रस्तुत करने के लिए स्वतंत्र हैं।)